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Kavita Member Posts

अजीब दौर है – Hindi kavita by Seema jhunjhunwala (Kavitalay Member)

अजीब दौर हैं दिखावटो का दौर है। रिश्तो के नाम पर मिलावटो का दौर है। दिल की खुबसूरती से क्या लेना देना अभी तो नकली सजावटो का दौर है। हर कोई गुम है जाने किस तलाश में काम कम है, और ज्यादा थकावटो का दौर है । खत, कलम, स्याही, कहाँ हैं अब ऊँगलियों से […]

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ओ मेरे मन के मीत – Kavita – By Om Neelamber (Kavitalay Member)

ओ मेरे मन के मीत सुनाओ दर्द भरे गीत टूट रहा है बांध मेरे सब्र का मिट रहा है चिन्ह यादों के कब्र का अतीत हो गया है मेरे खुशी का मेला तनहाई के पलों में नितांत हूं अकेला बोल,अपने जुबां को खोल अब और न सता,बता मेरी खता कहा है तू, क्या है तेरा […]

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उम्रें गुजर गयी हैं अधूरी दास्तां के साथ – By Tushar Srivastava (Kavitalay Member)

उम्रें गुजर गयी हैं अधूरी दास्तां के साथ, मिलती है क्या कभी ये जमीं आसमां के साथ| नजरों में बस गया था बिना नज़र आये ही आहिस्ता हुए गुम फिर अपने जान-ए-जां के साथ| जाना किधर है और कहां मंजिल पता नहीं, चलते ही जा रहे हो फिर भी क्यूँ जहां के साथ| मुर्दा हैं […]

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जीवन भर घनघोर घटाएं,पग-पग पर संत्रास मिला – Kavita – By Sumit Vijayvargiya (Kavitalay Member)

जीवन भर घनघोर घटाएं, पग-पग पर संत्रास मिला। निज गौरव के अन्वेषण में, सर्वलोक उपहास मिला।। उमर हाथ से गई फिसल अब, आखों से आशा रूठी, तथाकथित गुरुता, गरिमा की माल भाल से जा छूटी, घोर तमिस्रा की कारा में, विधि है प्रबल प्रमाण मिला। क्षुद्र ग्रहों को मान मिला और चन्दा को अवमान मिला।। […]

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क्या से क्या करवा रही थी – Kavita – By Purab “Nirmey” (Kavitalay Member)

प्रतिध्वनि के मोल में ,तुम हो विदित संसार जैसे न्याय में निर्दोष से ,तब चीख के पर्याय कैसे ?? एक निराशा इंगितों में ,नाद करके जा रही थी शक्ति के संकल्प पथ पर ,पीर वो ही गा रही थी| वर्जना सी कामनायें ,वो ही जो थी लूप हममें युगऋचा युगबोध को ,युगधर्म फिर समझा रही […]

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ये जिन्दगी बहुत कुछ सिखाती है – Kavita – By Rehanika Kaushik (Kavitalay Member)

ये जिन्दगी बहुत कुछ सिखाती है गिरना तो कभी उठना सिखाती है। वैसे तो भीड़ बहुत है दुनिया में लेकिन चंद रिश्ते बेहद खास ये बनाती है। नजारों से भरी दुनिया खूबसूरत है लेकिन, लम्हा-ए-जरूरत में बदसूरत नजर आती है।   यहां हर शख्स सिर्फ अपने लिए जीता है   दूसरों की मुसीबत पर उसको […]

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सुनिए – Nazm – By Salil Saroj (Kavitalay Member)

सवाल किया है  तो जवाब भी सुनिए दबी आवाज़ों का इंक़लाब भी सुनिए| सिर्फ सिखाते ही मत रहिए बच्चों को उन की निगाहों का ख्वाब  भी सुनिए| कितना रोक सकेंगे नदी  को बाँधों में बलखाती पानी का रूबाब भी सुनिए| सब कुछ लिख डाला अमीरों के नाम एक दिन गरीब का अभाव भी सुनिए| मर्द […]